Bharat Jodo Yatra : कल महू जाएंगे राहुल गांधी, अंबेडकर भक्तों की चेतावनी- हम नहीं घुसने देंगे

0
23

इंदौर.राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा के दौरान अंबेडकर की जन्म स्थली महू चर्चा में आ गया है. कल संविधान दिवस पर महू में राहुल गांधी पहुंच रहे हैं. उनके साथ पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे भी होंगे. दलित समाज ने राहुल गांधी को महू में ना घुसने देने की चेतावनी दी है. अब इस मुद्दे पर बीजेपी और कांग्रेस आमने सामने हैं.

राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा के दौरान महू एक बार फिर सियासत का केंद्र बिंदु बन गया है. 26 नंवबर को संविधान दिवस है और उसी दिन राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे बाबा साहब अंबेडकर की जन्मस्थली महू पहुंचने वाले हैं. इसी को लेकर सियासत शुरू हो गई है. बाबा साहब को लेकर एक तरफ बीजेपी और कांग्रेस आमने सामने हैं तो दूसरी तरफ दलित समाज ने राहुल गांधी को महू में ना घुसने देने की चेतावनी दी है.

दलित वोट बैंक की राजनीति

आपके शहर से (इंदौर)

मध्य प्रदेश

मध्य प्रदेश

मध्यप्रदेश में 2023 के विधानसभा चुनाव से पहले दलित वोट बैंक की राजनीति एक बार फिर शुरू हो गई है. इसका केंद्र डॉ.भीमराव अंबेडकर की जन्मस्थली महू बन गया है. भारत जोड़ो यात्रा के दौरान 26 नवंबर संविधान दिवस पर राहुल गांधी बाबा साहब अंबेडकर की जन्मस्थली महू पहुंच रहे हैं. वो एक जनसभा को भी संबोधित करेंगे. इस मौके पर पार्टी एससी वर्ग के वोटरों को कांग्रेस से जोड़ने के लिए अपने राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को भी अंबेडकरनगर महू बुला रही है.

पहुंचने से पहले विरोध

राहुल गांधी के महू पहुंचने से पहले दलित समाज ने विरोध शुरू कर दिया है. डॉ. अंबेडकर भक्त मंडल ने राहुल गांधी को महू में न घुसने की चेतावनी दे दी है. उन्हें बीजेपी का भी सपोर्ट मिल रहा है. मंडल के नेता शैलेष गिरजे का कहना है कांग्रेस को अंबेडकर के नाम पर राजनीति नहीं करने दी जाएगी. आजादी के 75 साल में कांग्रेस 65 साल तक सत्ता में रही,लेकिन इस दौरान उन्हें कभी बाबा साहब की याद नही आई.

ये भी पढ़ें- Bharat Jodo Yatra : राहुल गांधी के आरएसएस पर नये बयान से छिड़ा विवाद, बीजेपी ने जताया एतराज

सारा विरोध बीजेपी प्रायोजित

कांग्रेस राहुल गांधी के विरोध को बीजेपी का प्रायोजित कार्यक्रम बता रही है. कांग्रेस के प्रदेश प्रवक्ता नीलाभ शुक्ला का कहना है भारत जोड़ो यात्रा की सफलता से बीजेपी की हवाइयां उड़ गयी हैं. इसलिए बीजेपी बाबा साहब अंबेडकर के नाम पर एससी वर्ग के लोगों को भड़काने का हथकंडा अपना रही है. जबकि बाबा साहब अंबेडकर कांग्रेस की आत्मा में बसते थे. कांग्रेस ने उन्हें संविधान निर्माण की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी थी. देश के प्रथम प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू ने उन्हें कानून मंत्री बनाया था. बाबा साहब अंबेडकर को कांग्रेस से कभी अलग नहीं किया जा सकता है. एससी वर्ग के उत्थान के लिए कांग्रेस ने सबसे ज्यादा काम किए हैं. साथ ही पार्टी में भी उचित प्रतिनिधित्व दिया. अनुसूचित जाति वर्ग से आने वाले मल्लिकार्जुन खड़गे को राष्ट्रीय अध्यक्ष तक बना दिया है,लेकिन बीजेपी की भारत तोड़ो गैंग राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा से आहत है. इसलिए इस तरह के हथकंडे अपना रही है.

वोट का हिसाब किताब

मध्यप्रदेश में अगले साल विधानसभा चुनाव है. इसलिए बीजेपी और कांग्रेस दोनों ही पार्टियों का फोकस दलित वोट बैक पर है क्योंकि एमपी में 230 में से 35 सीटें एससी वर्ग के लिए आरक्षित हैं,जिसमें से बीजेपी को पिछले चुनाव में 17 सीटें ही मिल पाईं थी जबकि 2013 के चुनाव में उसे 28 सीटों पर जीत मिली थी,ऐसे में बीजेपी इस बार एससी सीटों को टारगेट कर रही है. कांग्रेस भी अपना वोट बैंक मजबूत बनाए रखने की कवायद में लग गई है. आरक्षित 35 सीटों के अलावा करीब 60 सीटों पर एससी वर्ग के मतदाता निर्णायक भूमिका में होते हैं,इसलिए महू पर सियासत होना स्वाभाविक है.

Tags: Bharat Jodo Yatra, Dr. Bhim Rao Ambedkar, Indore news, Rahul gandhi latest news